मुक्ति पाना आसान है या मुश्किल
मुक्ति पाना आसान है या मुश्किल मनुष्य काल मे मनुष्य जीवित रहने के लिए हर प्रयास करता है। अपनी आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए धन इकट्ठा करता है। लेकिन इसी बीच वह परमात्मा से दूर हो जाता है। वह आध्यात्मिक रास्ते को छोड़कर अन्य बुरे रास्तो में पड़ जाता है। धन प्राप्त करने के लिए वह क्या क्या नही करता है। वह यह तक भूल जाता है कि उसका जन्म क्यो हुआ है, किस उद्देश्य के लिए हुए है। आध्यात्मिक दृष्टि से देखा जाए तो सबसे अनमोल वस्तु मनुष्य जीवन है। जो 84 लाख योनियों को भुगतने के बाद मिलता है। मनुष्य जीवन का उद्देश्य मात्र परमात्मा को प्राप्त करना अर्थात मोक्ष प्राप्त करना है। उसके लिए हमारे शास्त्र हमारा मार्गदर्शन करते हैं, शास्त्रों में लिखा है कि अगर आपको मोक्ष प्राप्त करना है तो आप किसी तत्वदर्शी सन्त की खोज करो। लेकिन आज का व्यक्ति यह सोच के नजर अंदाज कर देता है कि हमारे पिछले इतिहास में साधुओं ने कड़ी तपस्या करके मोक्ष या सिद्धि प्राप्त की होगी, जो वर्तमान में नामुमकिन है। लेकिन ऐसा बिल्कुल नही है। क्योंकि हमारे शास्...